- योजना श्रेणी / विभाग: GIRL CHILD GRANT
- मुख्य लाभ व उद्देश्य: बेटी के जन्म से उच्च शिक्षा तक ₹25,000 की 6 किस्तें पाएं
- ध्यान दें: राशि, तारीख और पात्रता बदल सकती है — आवेदन से पहले आधिकारिक पोर्टल पर पुष्टि करें।
उत्तर प्रदेश सरकार के महिला कल्याण विभाग द्वारा संचालित मुख्यमंत्री कन्या सुमंगला योजना (MKSY) 2026 में राज्य की बालिकाओं के स्वास्थ्य, शिक्षा और उज्ज्वल भविष्य के लिए ₹25,000 की संशोधित कुल वित्तीय प्रोत्साहन राशि प्रदान कर रही है। यह राशि बेटी के जन्म से लेकर स्नातक/डिप्लोमा में प्रवेश तक 6 किस्तों में सीधे बैंक DBT खाते में भेजी जाती है।
1. 6 किस्तों की संशोधित ब्रेकअप संरचना (₹25,000)
योजना के तहत बालिकाओं को मिलने वाली सहायता का विवरण:
- किस्त 1 (जन्म पर): बालिका के जन्म पर ₹5,000 एकमुश्त।
- किस्त 2 (टीकाकरण): 1 वर्ष के भीतर पूर्ण टीकाकरण होने पर ₹2,000।
- किस्त 3 (कक्षा 1 प्रवेश): प्रथम कक्षा में प्रवेश लेने पर ₹3,000।
- किस्त 4 (कक्षा 6 प्रवेश): छठी कक्षा में दाखिला लेने पर ₹3,000।
- किस्त 5 (कक्षा 9 प्रवेश): नौवीं कक्षा में प्रवेश पर ₹5,000।
- किस्त 6 (10वीं/12वीं बाद स्नातक/डिप्लोमा): उच्च शिक्षा/डिप्लोमा कोर्स में प्रवेश पर ₹7,000।
2. पात्रता शर्तें एवं ऑनलाइन आवेदन प्रक्रिया
कन्या सुमंगला योजना का लाभ प्राप्त करने के नियम:
- लाभार्थी का परिवार उत्तर प्रदेश का स्थायी निवासी होना चाहिए और उसके पास स्थायी निवास प्रमाण पत्र हो।
- परिवार की वार्षिक आय ₹3,00,000 से अधिक नहीं होनी चाहिए।
- एक परिवार की अधिकतम दो बालिकाओं को ही योजना का लाभ मिलेगा (यदि जुड़वां बेटियां हैं तो तीसरी बेटी भी पात्र)।
- आधिकारिक पोर्टल
mksy.up.gov.inपर जाकर 'नागरिक सेवा पोर्टल' (Citizen Service Portal) पर पंजीकरण करें और आधार Seeded बैंक खाता जोड़ें।
3. अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQs)
Q1. क्या गोद ली गई बालिका को इस योजना का लाभ मिल सकता है?
उत्तर: हाँ, यदि परिवार ने नियमानुसार किसी बालिका को गोद लिया है, तो उसे परिवार की प्रथम/द्वितीय संतान के रूप में लाभ मिलेगा।
Q2. आवेदन के लिए कौन-कौन से दस्तावेज़ जरूरी हैं?
उत्तर: बालिका का जन्म प्रमाण पत्र, माता-पिता का आधार कार्ड, आय प्रमाण पत्र, निवास प्रमाण पत्र और बालिका की फोटो अनिवार्य हैं।



